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अब तेरा क्या होगा रे पीलिया -दे घुमा के-ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Friday, January 7, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज
 
 
हूं... कितने ब्लागर थे? सरदार एक ब्लागर एक ब्लागर ... और तुम साले इतनी बार फर्जी आईडी बनाने के बाद भी उसका कुछ नहीं बिगाड़ सके। इसकी सजा मिलेगी.. बराबर मिलेगी बोलो कितनी गोली है इसके अंदर सरदार छह गोली......
 
प्रथम प्यार का, प्रथम पत्र है * *लिखता, निज मृगनयनी को * *उमड़ रहे, जो भाव ह्रदय में * *अर्पित , प्रणय संगिनी को ,* *इस आशा के साथ, कि समझें भाषा प्रेमालाप की ! * ***प्रेयसि पहली बारलिख रहा,चिट्ठी तुमक...
 
आईना देखते डरने लगा हूँ, कहीं नीचे मासूमियत झाँकती है। उतारने को बड़प्पन का मुलम्मा उसे घिसता हूँ साफ तौलिये से। मुँह नहीं धोता मेरे भीतर पानी मर गया है। 
 
 नया शहर अनजान डगर , उस पर यह अंधरी रात , कहां जाएं कैसे ढूड़ें , एक छोटी सी छत , सर छुपाने के लिए , फुटपाथ पर कुछ लोग , और जलता अलाव , थे व्यस्त किसी बहस में , वहां पहुंच मैं ठिठक गया , खड़े क्यूँ हो रास्ता ना...
 
नहीं नहीं, मेरा किसी से झगड़ा नहीं हुआ है...जो मुझे कहना पड़ रहा है, *दे घुमा के....*अरे भाई ये तो इंडिया का थीम सॉन्ग हैं आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप 2011 के लिए...जिसका खुमार छाने में अब सिर्फ 50 दिन बचे है...
 
एक बीज बड़ते हुए कभी आवाज़ नहीं करता , मगर एक पेड़ जब गिरता है तो ............. जबरदस्त शोर और प्रचार के साथ ..........! इसलिए विनाश मै शोर है परन्...
 
युवा कहानीकार (और मेरे साथी) गौरव सोलंकी को राजस्थान पत्रिका ने इस कहानी के लिए **विशेष सम्मान** दिया है....क्या इत्तेफाक है कि कुछ दिन पहले ही उनकी कहानियों को मेरे ब्लॉग पर डालने के लिए हम दोनों ने समीक...
 
छत्तीसगढ सरकार ने राज्य में चिकित्सकों की भारी कमी के मद्देनजर उनके भर्ती नियमों को शिथिल कर दिया है। मुख्यमंत्री डा.रमन सिंह की अध्यक्षता में राज्य मंत्रिमंडल की कल रात यहां हुई बैठक में इस आशय के प्रस्ता...
 
पीलिया
जनवरी के वे खास दिन चल रहे थे जब सुबह, दुपहर, शाम,रात सब ठंढ के मोमजामें में लिपटे ठिठुर रहे होते हैं और जगह जगह अलाव पीलिया जैसी बीमार सूरत लिये बुझे बुझे से नज़र आते हैं जिन्हें तापते ऐसा लगता है जैसे स...
 
एक अरब से ऊपर लोग...... अरुणोदय से ले कर कन्याकुंवारी......... तिरंगे का वजूद बढता रहे... संसद में ‘निरीह’ सांसदों को बचाते.... बन्दूक ताने वो ..... बचाते रहे इनको ...... गोली दागते रहे उनपर - मरते दम तक ज...
 
रक्त, खून, लहू, रुधिर कितने नाम हैं इस जीवनदायी तरल के, जो जन्म से लेकर मृत्यु प्रयंत हमारे शरीर में अनवरत दौड़ता रहकर हमें जिन्दगी प्रदान करता रहता है। फिर भी हम इसके बारे में ज्यादा नहीं जानते {डाक्टरों क...
 
हमें जीने मे क्यूँ होती है आसानी, बताते हैं... हम अपने घर मे, अब कुछ और, वीरानी सजाते हैं... खुदा, जिस दिन से तेरे नाम पर, जलते शहर देखे... जलाते अब नही बाती, तुम्हे पानी चढ़ाते हैं... हमें डर है की वो मिट...
 
The best time to awaken both body and spirit is in the early morning. We are fresh, in solitude, and the vibrations of the world are at their calmest. It is not surprising that you will find all exper...
 
आह! दर्द आज बहुत रुला रहा है ..........क्यूँ? क्या कारण है नहीं जान पा रही मगर कुछ तो है जो कहीं तो घटित हो रहा है मगर ह्रदय इतना व्याकुल क्यूँ हो रहा है ? कौन सा इसका सामान छीन रहा है जो इसका आसमां इसे 
 
ओ री !! बता ना तू नया साल कैसे मनाएगी ?* *आदमी के संग पिकनिक मनाएगी.....* *कि बच्चों को कुछ अच्छी बातें सिखाएगी...!!* *ऐ री !! बता ना कैसे तू नया साल मनाएगी ?* *पता भी है तुझे कि ये धरती ऐसी क्यों हो ग... 
 
 
 अच्छा तो हम </a> चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 

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है कितनी आवश्यकता -यह महंगाई डायन हे के कम ही नहीं होती हे -ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Thursday, January 6, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज  
 
बास्केटबॉल के अंतरराष्ट्रीय कोच राजेश पटेल कहते हैं कि राजधानी रायपुर में तैयार हो गए इंडोर स्टेडियम से न सिर्फ बास्केटबॉल के बल्कि इंडोर में खेले जाने वाले हर खेल के खिलाड़ियों का खेल निखरेगा। इस इंडोर स्ट...
 
दोस्तों हमारे देश के प्रधानमन्त्री मनमोहन सिंह की खासमखास महंगाई इनकी निकटतम रिश्तेदार हे इसलियें यह महंगाई बेरी देश की जनता के लियें डायन बन गयी हे , भये देह के नेताओं को तो सर्किट हाउस सुविधा हे और सर्कि...
 
सात पुश्तों के लिए खरबों जोड़ने वाला ‘नेता’ यहाँ देशद्रोही नहीं होता. सोने की चैन तथा गोरी मेम पर बिक जाने वाला और देश की सुरक्षा को खतर...
 
लंबे अरसे के बाद शिक्षा विभाग के टीचिंग व नॉन टीचिंग स्टाफ का डाटा ऑनलाइन करने की तैयारी की जा रही है। शिक्षा निदेशालय की तरफ से इस संबंध में सभी जिले के डीईओ को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए गए हैं। विद...
 
है कितनी आवश्यकता , चिंतन मनन की , आत्म मंथन कि , कभी इस पर विचार किया , क्या सब तुम जैसे है , इसपर ध्यान देना , जब विचार करोगे , अनजाने न बने रहोगे सागर से निकले हलाहल, का पान कर पाओगे , तभी शिव होगे , संसा...
 
 आज प्रस्तुत है, ‘टी सीरीज’ म्यूजिक कंपनी द्वारा सन् 1993 में रिलीज रेखादेवी जलक्षत्री द्वारा प्रस्तुत भरथरी गायन श्रृंखला का तीसरा प्रसंग… 1. राजा का जोगी वेष में आना 2. चम्पा दासी का जोगी को भिक्षा देना 3...
 
लीजिये नए साल पर आपके लिए कुछ जरूरी सलाह है यहाँ ... देख लीजिये ... एकदम मुफ्त है मुफ्त ... पर है काम की !! साल २०११ में समृद्धि के ११ मंत्र आप लोग नए साल में खूब समृद्धि करें इसी दुआ के साथ अब आज्ञा चा...
 
प्रिय ब्लॉगर मित्रो , प्रणाम ! *ब्लॉग 4 वार्ता* के इस मंच पर नए साल में आप सब से पहली बार एक वार्ताकार के रूप में मुखातिब हो रहा हूँ ... आशा है आप सब का नया साल खूब बढ़िया तरीके से बीत रहा है ! खबरों क...
 
लग रहा है जैसे घर भाँय भाँय कर रहा है। दिन भर घर में एक उत्पात जैसा मचाये रखने वाला लड़का!! भैया की शादी के समय वह लखनऊ में थे, और इधर शादी हुई और भैया का पोस्टिंग पटना हो गया। पापा-मम्मी भी खुश, भैया-भाभी...
 
देशद्रोह, नया तमगा है उस आवाज़ का जो चीख पड़ती है, बरबस ही सोते मासूमो के क़त्ल पर ! जंगलो , पहाड़ो पर दौड़ती , हांफती , उस जिन्दगी का जो भागती नहीं जीतना चाहती है मौत की लम्बी होती परछाई से ! थकी, हा...
 
आज वो ऐसे धर्मसंकट में थी जहाँ एक तरफ उसके पति की अंतिम इच्छा थी तो दूसरी तरफ पति का ही वचन था किसे वो ज्यादा महत्व दे , बस इसी निर्णय पर पहुँच की कोशिश में वो समय के उस मोड पर पहुँच गयी जहाँ पर उसने ...
 
उपमा हमेशा उस चीज़ से दी जाती है जो कि उससे बड़ी हुआ करती है Non sense
दिव्या कथन विश्लेषण 2011 गतांक से आगे ... आदरणीया बहन दिव्या जी (डा. दिव्या जी) , आपको ऐतराज़ है कि मैंने आपकी तुलना देशभक्तों से क्यों नहीं की ? आपकी तुलना देशभक्तों से करने का क्या तुक है ? देश के लिए जान ...
 
वाराणसी के कई मोक्ष दायिनी समझी जाने वाली जल कुंड घातक बीमारियों का कारक बन चुके हैं। इसमें स्नान या जल ग्रहण करने से आप लीवर सिरोसिस या त्वचा संबंधी रोग का शिकार हो सकते हैं। इस तथ्य का खुलासा काशी हिंदू ...
 
आप पाठक आज फैसला कर ही दें कि कौन सही है और कौन गलत ??
व्‍यस्‍तता की वजह से पिछले दो महीने से मैं ब्‍लॉग जगत में काफी सक्रिय नहीं रह पा रही हूं , फिर भी न चाहते हुए भी साइंस ब्‍लॉगर एसोशिएशन के एक लेख में योगेश नाम के किसी पाठक ने अपने सवाल जबाब में उलझा दिया ...
 
दफ्तर जाने के पहले रवि रोज की तरह अपने बिमार पिता के कमरे में गया। पिता रोज की तरह आंखें बंद किए पड़े थे। दरवाजे से ही मुड़ कर वह अपने काम पर चल दिया। अभी दफ्तर पहुंचा ही था कि पत्नि जया का फोन आ गया, पिताजी...
 
अच्छा तो हम चलते हैं
कल फिर मिलेंगे 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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ब्लॉग पर भटकते विकृत मानसिकता वाले भाई -विक्षिप्त मानसिकता वाले होते हैं काड़ीबाज- ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Wednesday, January 5, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज
 
 
अपने ब्लाग जगत के लिए यह एक गंभीर बात है कि यहां पर फर्जी आईडी बनाकर काड़ी करने वाले काड़ीबाजों की कमी नहीं है। अगर किसी की आपसे किसी बात पर नहीं बनती है तो मानकर चलिए कि वह बंदा आपको जरूर परेशान करेगा। ले...
 
भाइयों अदालत सहित अनवरत सहित किया महत्वपर्ण ब्लोगों के जनक जनाब एडवोकेट और मेरे बढ़े भाये दिनेश राय जी द्विवेदी जी ने कहा चलो चाय पियेंगे हमारे साथ रामस्वरूप जी शर्मा सहित और कई वकील भी थे जिनमें एक महिला ...
 
एक बार एक बोईंग यात्री जहाज जब हवाई पट्टी से टेक ऑफ कर गया तब उसका मुख्य पायलट जोर से ठहाका लगाकर हंसा । को-पायलट ने जब उसके एकाएक हंसने की वजह जाननी चाही तो मुख्य पायलट ने कहा कि जब पागलखान...
 
समाज में एक प्रतिशत पुरुष ऐसे भी हैं जो सोचते हैं की किसी स्त्री को बहन कहकर certificate पा लेंगे शराफत का या फिर वो अन्य पुरुषों से बेहतर बन जायेंगे। उन्हें लगता है की उनकी विकृत मानसिकता छुप जायेगी 'बहन...
 
पहले जब देखा उन्हें , वे मेरे निकट आने लगे , मन में भी समाने लगे , जब तब सपनों मै आकर , उन्हें भी रंगीन करने लगे , आने से उनके , जो फैल थी सुरभि , स्वप्न मै ही सही , सारी बगिया महक उठती थी , बहुत बार विचार क...
 
आतंक के मुद्दे पर भारत के राजदूत हरदीप सिंह पुरी को जिस तरह से संयुक्त राष्ट्र में आतंक निरोधी महत्वपूर्ण समिति का अध्यक्ष चुना गया है उससे भारत को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर आतंक से जुड़े मुद्दों पर अपनी बात क...
 
जिन पेड़ों ने फल नहीं दिए, उन्हें भी सींचा गया था सलीके से भरपूर खाद-पानी और देखभाल के साथ.. हवा भी उतनी ही मिली थी उन्हें, जितनी बाक़ी पेड़ों के नसीब में थी.... उम्मीद के लंबे अंतराल ने दिया माली को ...
 
मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्बल उच्च शिक्षा के क्षेत्र में ताबड़तोड़ सुधार कर रहे हैं। अब उन्होंने घोषणा की है कि कॉरपोरेट जगत भी तकनीकी और प्रबंधन शिक्षा संस्थान चला सकेंगे। केवल उसी कंपनी को ऐसे शिक...
 
बेबसी
लोग रूठ जाते हैं मुझसे , और मुझे मनाना नहीं आता ! मैं चाहती हूँ क्या ? मुझे जताना नहीं आता ! आँसुओं को पीना पुरानी आदत है , .मुझे आंसू बहाना नहीं...
 
भर-भर गागर देना ।
रामेश्वर काम्बोज ‘हिमांशु’ *दो बूँद भी* *प्यार मिला है* *मुझको जिनसे* *उनको* *भर-भर गागर देना ।* *सुख-दु:ख में* *जो साथ रहे* *परछाई बन* *सुख के* *सातों सागर देना ।* *बोते रहे* *हरदम काँटे* *प्यार-भरे दिल* ...
 
बोर्ड की वार्षिक परीक्षा की समयसारिणी ने पं. रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय की परेशानियों को बढ़ा दिया है। माध्यमिक शिक्षा मंडल ने न केवल रविवि का अनुरोध ठुकरा दिया है बल्कि आधे घंटे का समय और बढ़ा दिया है। इ...
 
मैं तुम्हें पसंद करती हूँ इसलिए नहीं कि तुम आर्दशवादी हो या कि व्यक्तित्ववान हो या हर चीज को परखते हो तुम अपने नजरिए से बल्कि इसलिए कि तुम एकदम जुदा हो आम आदर्शवादियों से तुम्हारे पास है न गंभीर चेहरा न भार...
 
'देश की अखंडता की रक्षा करने वाले मुसलमानों के साथ अनवर जमाल श्रीनगर में' 'कोई गाली ऐसी नहीं है जो इन सभ्य और हिन्दू कहे जाने वाले ब्लागर्स ने मुझे न दी हो। पढ़े लिखे लोगों ने, जवान प्रोफ़ैसर्स ने और बूढ़े इं...
 
एक दिन भाई भाई को ही, दुश्मन बनते देखा है... हमने आँगन बच्चों का भी, उस दिन बँटते देखा है... जबसे माँ ने इस बाजू पर, बाँधी इक काली डोरी... हमने हर तूफान को थमते, और तड़पते देखा है.... जबसे ये महंगाई बनके, ...
 
आंकड़ें भरमा रहे हैं* *यूं छले हम जा रहे हैं* * पी रहे हैं ग़म बेचारे वायदों को खा रहे हैं * * हमने केवल सच कहा था आप क्यों चिल्ला रहे हैं * * सत्य कितना है अपाहिज झूठ को दौड़ा रहे हैं* *जिनपे करते थे य...
 
ब्लॉगिंग से तो कुछ कमाई नहीं हो पा रही है तो आईये आज मैं आपको एक साइट का नाम बताती हूं । जहां आपको सिर्फ इतना करना है कि इस साइट पर अपना एकाउंट बनाना है और फिर प्रतिदिन इस साइट को खोलना है । इतना करने के ...
 
आज ५ जनवरी है तडके लगभग ४ बजे वापसी हुई पानीपत आ गया १ जनवरी से सांपला , भुसावल, रतलाम के कवि सम्मेलनों को निबटाते हुए थकान के मारे सोकर अब उठा हूँ और देखता हूँ कि इस बीच और क्या-क्या हुआ... कुछ विशेष...
 
मोदी नहीं समझ सकते रूपम को
पूर्णिया के विधायक राजकिशोर केसरी मामले पर बिहार में राजनीति शुरू हो गयी है। बिहार भाजपा के क्षत्रप सुशील मोदी तो अपने विधायक के बचाव में खुलकर सामने आ गये हैं। मोदी ने आरोपी महिला रूपम पाठक को हत्यारिन, ब...
 
image: Posted by Picasa] दो नितांत अजनबी व्यक्तियों के दिलों के तार गिनी चुनी फोन कॉल्स और चंद दिनों की यदा कदा चैटिंग के बाद स्नेह के सुदृढ़ सूत्र में कैसे बँध जाते हैं और कैसे मात्र एक ही मुलाकात युग...
 
कवि सम्मेलन कार्यक्रम का शुभारम्भ तय समय पर ठीक शाम 7:00 बजे आरम्भ हो गया था। श्रोताओं के बैठने लिये 400-425 कुर्सियां लगाई गई थी। एक घंटे में करीबन 8:00-8:15 तक सभी सीटे फुल हो चुकी थी। उसके बाद जो श्रोता...
 
 
 
 
 
 
 
 अच्छा तो हम </a> चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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एक-खबर पर इंसानियत बेखबर -एक मासूम जिसे इलाज कराने की जगह बेड़ियाँ से जकड़ दिया-ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Tuesday, January 4, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज
 
 
वन विभाग के महासमुन्द वन विद्यालय में शारीरिक शिक्षक के पद पर कार्यरत चारुलता गजपाल को नौकरी से हटाने की तैयारी वन विभाग कर रहा है। इनकी नियुक्ति को गलत मानते हुए विभाग ने उनको कारण बताओ नोटिस भी जारी कि...
 
भारत- *BE....*बैचलर ऑफ इंजीनियरिंग, *MBBS...*बैचलर ऑफ मेडिसिन एंड बैचलर ऑफ सर्जरी, *CAT...*कॉमन एडमिशन टेस्ट, पाकिस्तान- *BE...*बॉम्ब इंजीनियरिंग, *MBBS*...मैम्बर ऑफ बॉम्ब ब्लास्टिंग सोसायटी, *CAT*....
 
…तकिया गीली है। आँखें सीली हैं? आँसू हैं या पसीना ? अजीब मौसम आँसू और पसीने में फर्क ही नहीं ! ...... कमरे में आग लग गई है। आग! खिड़कियों के किनारे चौखट के सहारे दीवारों पर पसरी छत पर दहकती सब तरफ आग ! बिस..

पत्रकारिता  को  लेकर  हमेशा  से  ही  मेरी  अपनी   सोच  रही  है  शायद  यही   वजह  है  की  मै  एक  संस्थान  में  कभी  भी  टिक  कर  नहीं  रह  सका . ऐसा  एक  बार  फिर  हो  गया  और  इस  बार  बुलंद -छत्तीसगढ़    ...
 
नया वर्ष और ये नया दशक क्या शुरू हुआ, बैठे-बिठाये हमने ये नया रोग पाल लिया...चर्चा-रोग। हुआ यूँ कि हुआ कुछ भी नहीं था, कोई लक्षण भी नहीं नजर आये थे। हाँ, इतना जरूर है कि एक बचपन से किस्म-किस्म के रोगों को ...
 
संत पवन दीवान जी ने अपनी एक कविता " *ओ महाकाल* " अपने काव्य संकलन "*अम्बर का आशीष*" के विमोचन के अवसर पर सुनाई थी। उन्होने कहा कि आज राष्ट्रीय एकता की आवश्यकता है, छोटी-छोटी एकता मिलकर बड़ी एकता बनती है। इस...
 
ना जाने किसने ओस की नमी चुरा ली ना जाने कहाँ खो गयी मुझे " मै " नही मिल रहीआज आत्मावलोकन करने बैठी हूँ और मन के आईने में खुद को ढूँढ रही हूँ ...........कहाँ हूँ मैं ? मैं क्या थी और आज क्या हूँ?............
 
मैं पिछले कुछ दिनों से अपने पास रखी किताबों का चित्र खींचकर अपने फेसबुक पर चिपका रहा था.. उसमें दिखावा था या नहीं ये तो पता नहीं, साधारण मनुष्य हूँ सो दिखावे के स्वभाव से अछूता नहीं हूँ, मगर एक उत्साह जरूर...
 
छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य में दो हजार से ज्यादा पुरुष स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं की भर्ती करने का फैसला किया है। आधिकारिक सूत्रों ने मंगलवार को यहां बताया कि राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ के ग्रामीण क्षेत्रों में स्व...
 
आप भी कहेंगे कि क्या ऊँट-पटांग शीर्षक दिया है पर क्या करूँ मैं जिस व्यक्ति पर लिख रही हूँ वह तो मेरे शीर्षक से भी ज्यादा ऊँट-पटांग हैं.मैं बात कर रही हूँ प्रसिद्ध बॉलीवुड कलाकार आमिर खान की जिन्हें शायद त...
 
भविष्य का सम्बन्ध वर्तमान से
इतिहास गवाह है इन्सान ने जब भी किसी विपदा ( विपत्ति ) का सामना अगर किया है तो उसका जिम्मेदार वो खुद होता है ! उसी के द्वारा की हुई गलती का भुगतान वो बाद मै करता है ! क्युकी जब हम कोई भी फ़ेसला लेते हैं ...
 
जी हाँ दोस्तों बेड़ियों से जकड़ा हुआ यह एक मासूम हे जिसे कोटा राजस्थान उद्योगनगर थाने की बोरखेडा चोकी में रहने वाले एक ग्रामीन ने बोझ समझ कर बेड़ियों और हथकड़ियों से जकड़ रखा हे इसकी खबर तीन जनवरी की राजस्थ...
 
 
राजद्रोह के दोषी डॉ. विनायक सेन की पत्नी इलिना सेन ने देश की राजधानी में न्यायालय के फैसले के खिलाफ जमकर प्रलाप किया। उन्होंने अपने और अपने बेटियों के लिए देश में रहना खतरे से खाली नहीं बताया। यहां तक तो ठ...
 
Who says Maths is easy?
[Courtesy: Funzu.com] साथियों यह पोस्ट मेरी नही है ना ही मैंने यह अपने ब्लॉग पर लगाई है.अभी अभी मेल बॉक्स में आप लोगों के कमेंट्स देखा तो इस पोस्ट के बारे में पता चला.मैंने सोचा की हैकिंग का कोई चक...
 
आधुनिक युग में हमारी जीवनशैली और आहारशैली में आये बदलाव और भोजन में ओमेगा-3 की भारी कमी आने के कारण पुरुषों में स्तंभनदोष या इरेक्टाइल डिसफंक्शन की समस्या बहुत बढ़ गई है। यौन उत्तेजना होने पर यदि शिश्न मे...
 
मेरा बेटा जब जब देश से बाहर गया हर बार उसका अनुरोध रहता कि पापा एक बार आप जरूर आ जाओ आपको अच्छा लगेगा ! हर बार मना करते हुए असली बात नहीं बता पाता था ! मुख्य कारण दो ही थे, विदेशियों से बात करने में आत...
 
जिंदगी फिर जिंदगी सी रहा करे
गम में भी जो ख़ुशी सी रहा करे जिंदगी फिर जिंदगी सी रहा करे यूँ तो रात-दिन तेरी याद साथ रहे पर दिल को कुछ कमी सी रहा करे जब भी मेरी आँखें बरसा करें यहाँ तीरगी में भी रौशनी सी रहा करे तेरे बगैर आलम ...
 
यदि आपके मोबाइल फोन पर किसी व्यक्ति द्वारा यह काल आती है कि आपकी लाईन चेक करने के लिए या आपको किसी इनाम का भागीदार बनाने के लिए आपको #90, #09 या ऐसा ही कोई नंबर दबाना है तो बिना देर किए आप अपना फोन बंद कर ...
 
पिछले दिनों रायपुर के एक प्रेस से पत्रकार मित्र का फोन आया कि संस्‍कृति विभाग द्वारा राजधानी में पहले व तीसरे रविवार को मुख्‍यमंत्री निवास के बाजू में नाचा - गम्‍मत का एक घंटे का कार्यक्रम आयोजित किया जा ...
 
 अच्छा तो हम चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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आत्ममंथन की प्रक्रिया में-धूप का दर्द-ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Monday, January 3, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज
 
 
ओलंपियन तीरंदाजी मंगल सिंह चाम्पिया का कहना है कि अगर छत्तीसगढ़ सरकार मुझे ज्यादा सुविधाएँ देती हैं तो मैं छत्तीसगढ़ के लिए खेल सकता हूं। मेरा पहला लक्ष्य लंदन ओलंपिक 2012 में पदक जीतना है। यहां अंतर रेलवे ...
 
हिन्दी और छत्तीसगढ़ी कविताओं के माध्यम से जन-चेतना की अलख जगाने वाले लोकप्रिय संत कवि पवन दीवान (स्वामी अमृतानंद सरस्वती ) से जगत में सभी परिचित हैं। इसलिए मुझे उनके विषय में परिचय देने की आवश्यकता न...
 
डॉक्टरों की भारी कमी से जूझ रहे गांवों को इस साल नई सौगात मिलेगी। स्वास्थ्य मंत्रालय देश के लगभग 6 सौ जिलों एक मेडिकल स्कूल खोलने की तैयारी में है। यहां गांव के ही प्रतिभाशाली छात्रों को चुन कर डॉक्टरी सिख...
 
व्यक्ति के मन में एक जज़्बा होता है की हम भी समाज के लिए कुछ योगदान कर सकें। कुछ जागरूकता ला सकें । विसंगतियों के खिलाफ अपनी आवाज़ बुलंद करके समाज में कुछ सकारात्मक बदलाव ला सकें । कुछ वर्ष पहले तक ऐसी को...
 
दोस्तों जनवरी का महिना आ गया हे और इसी महीने के पहले सप्ताह में सडक सुरक्षा सप्ताह देश भर में मनाये जाने की परम्परा हे ,परम्परा इसलियें कहूँगा के हमारे देश में इसे मात्र परम्परा के बटर ही मनाया जाता हे और 
 
 
आज अभी-अभी लौटा हूँ वहां से जहाँ जाकर आदमी का दिमाग परम शांति की अवस्था में पहुँच जाता है.मेरा मतलब है कि मैं शौचालय से आ रहा हूँ.वहीँ विश्रांति अवस्था में बैठे-बैठे मेरे दिमाग में एक आइडिया ने जन्म लिय...
 
धूप का दर्द अब तो धूप के भी पांव जलने लगे हैं अपनी ही तपिश से. न सहारा न छाँव कभी यहाँ पेड़ हुआ करते थे. उनकी टहनियों पर बैठ सुस्ता लेती थी धूप. कभी पत्तियों के साथ आंख मिचोली कभी पक्षियों संग छुपन-छुपाई. ...
 
(१) वह राज क्या , उसका अंदाज क्या , जिसे जानने की उत्सुकता न हो | (२) वह साज़ क्या , उसकी मधुरता क्या , जिसे सुनने की चाहत न हो | (३) वह रूप क्या , उसका सौंदर्य क्या , जिसे देखने की तमन्ना न हो | (४) वह प्रश्...
 
देश में राजनीति करने वाले किस तरह से हर मामले में अपने फायदे की बातें ही देखा करते हैं इसका ताज़ा उदाहरण कांग्रेस की १२५ वीं वर्षगाँठ पर प्रकाशित पुस्तक में संजय गाँधी के बारे में लिखे विचारों से पता चल जात...
 
आत्ममंथन की प्रक्रिया में कार्य प्रगति पर है कृपया दस्तक ना दें कहीं ऐसा ना हो दस्तक देते ही प्रहार आप पर हो जाये और रिश्ता जो कोई कहता है कि है हमारा कुछ वो टूट जाए बच कर चलें कहीं यूँ ना हो सारा गर...
 
BOBBY JINDAL 'पब्लिक पॉलिसी पोलिंग ' द्वारा किए गए एक जनमत संग्रह के मुताबिक भारतीय मूल के बॉबी जिंदल अमरीका के गवर्नरों में सबसे लोकप्रिय गवर्नर हैं. बॉबी जिंदल रिपब्लिकन पार्टी के नेता हैं और वर...
 
आज-कल तो वो बड़ी ही शान में रहता है क्या बात हुयी है किस गुमान में रहता है जो चला है मेरे आँगन में पत्थर बरसाने अरे खुद भी तो कांच के मकान में रहता है हो शाम तो लौटना उसे भी शज़र पे ही है दिन भर जो ...
 
मुझको अर्घ्य में जल नहीं* ** *अग्नि रूचती है* *सूर्य, क्या तुम अपनी देय को* *पुनः स्वीकारोगे* *कष्ट, कष्ट, कष्ट* *ज्वालामुखी की भीतरी उबलन-सा* *मैं उबला हूँ* *लाख तपा हूँ* *जला, झुलसा, पिघला हूँ* *बाहर सदैव...
 
 
 अच्छा तो हम चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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वकीलों की टीम में छोटा राजन -क्यूँ उठने लगे हें सवाल - ब्लाग चौपाल- राजकुमार ग्वालानी

>> Sunday, January 2, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज  
 
वकीलों की राष्ट्रीय क्रिकेट स्पर्धा के एक मैच में छोटा राजन और चुलबुल पांडे भी खेले। दरअसल हुआ यह कि जिस दिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम में इंदौर और इलाहाबाद के बीच फाइनल मैच खेला गया, यह मैच पहले सत्र...
 
मेरे पात्र बैताल की तरह चढ़ जाते हैं सिर और कंधे पर, पूछते हैं हजार सवाल। मुझमें इतना कहाँ विक्रम जो दे सकूं जवाब *...रोज़ मेरा सिर हजार टुकड़े होता है।* *_______________...
 
क्यूँ उठने लगे हें सवाल , रोज होने लगे हें खुलासे , और होते भंडाफोड , कई दबे छिपे किस्सों के , पहले जब वह कुर्सी पर था , कोई कुछ नहीं बोला , हुए तो तभी थे कई कांड , पर तब था कुर्सी का प्रभाव , कहीं खुद के का...
 
कॉल बेल बजी, मैने उठकर दरवाजा खोला। सामने प्रतिहार था, करबद्ध स्वर्णखचित संदेश पेटिका लिए। उसने कहा-“भन्ते! आपके लिए आम्रपाली का विशेष संदेश है।“ ऐसा कहकर उसने रेशम के कोमल सुगंधित कपड़े में लिपटा हुआ पत्...
 
नये साल की पहली सुबह सात बज कर अट्ठावन मिनट पर सूरज मियां कोहरे से जूझ रहे थे दोपहर बारह बजे पीला रंग फोटोजेनिक हो चला ... ये जनाब तो पोज पे पोज देने पर उतारू हैं एक और पोज ओह गुलाबी तुम भी , श...
 
फिल्म की शुरुआत में ही रिलायंस ग्रुप का बोर्ड लगा दिखे तो ये चिंता दूर हो जाती है कि आप जिस फिल्म को देखने जा रहे हैं, वो बेहद तंगहाली में बनाई गई होगी, इसलिए अच्छी हो या बुरी, निर्देशक के साथ सहानुभूति ज...
 
पहली बार मिले होंगे, क्‍या ऐसा लग रहा हैदक्षिण भारत, मुम्बई, गुजरात से प्रकाशित होने वाले हिन्दी समाचारपत्रों के ऑनलाईन संस्करण की अनुपलब्धता के चलते उनकी जानकारियों से वंचित होने की बात करते हुए हम भोजन ...
 
कम्प्यूटर सीखा, इंटरनेट सीखा हिंदी की-बोर्ड ‘इंस्क्रिप्ट’ सीखा ब्लॉग बनाया, माइक्रो ब्लॉगिंग भी की वेबसाइट भी कर ली डिजाइन स्केनिंग, फोटो एडिटिंग सीखी सब तकनीकी चीजें कर डाली मगर, सिंथसाइजर नहीं सीख पाया क...
 
जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं राज्यसभा सदस्य शिवानंद तिवारी ने कुलपतियों की नियुक्ति में बड़े पैमाने पर पैसे के लेन-देन का आरोप लगाया है। मानव संसाधन विकास मंत्री पीके शाही को पत्र लिखकर उन्होंने आगाह किय...
 
*(१)* *मैं कलम हूँ ज़िंदगी का सार लिखता हूँ* *देखता हूँ जो वही संसार लिखता हूँ* * * *फिक्र है मुझको मेरे किरदार की यारो* *इसलिये सच्चाइयाँ हर बार लिखता हूँ* *ज़िंदगी है जंग इसको जीत जाऊँगा * *हर सुबह खुद ...
 
प्राण तुम्हारे नयनों में मैं खोज रही कुछ सुख का स्त्रोत, दीन निर्धनों की आहों से करुणामय हो ओत-प्रोत ! आज हृदय में शक्ति न इतनी नयनों का अभिसार करूँ, प्रणय सिंधु के तीर खड़ी मैं कैसे तुमको प्यार करूँ ! ...
 
पतंग और दुनियादारी नील गगन के विस्तृत नभ पर, पंतग उडी है इधर उधर सर- सर- फर-फर-सर- सर-फर-फर -सर- सर-फर-फर -सर- सर-फर जब तक स्वांसों के माझें संग, इसकी यारों बनी रहे हरसाए हम देखो तब तक आकाशों मैं तानी रह...
 
छत्तीसगढ़ के पंचायत विभाग में नौकरी देने के नाम पर बड़ा फर्जीवाड़ा सामने आया है। इसमें विभाग के पुराने संचालक के हस्ताक्षर कर 79 लोगों की नियुक्ति और पदस्थापना के आदेश जारी कर दिए गए। महत्वपूर्ण बात यह है ...
 
विदा करो मुझे अब अपनी रूह से अब नहीं रुक पायेगी रूह मेरी तेरे साथ रूह की चादर पर टंगे तेरे ख्वाब अब नयी ताबीर नहीं लिख पाएंगे मेरी ज़ख़्मी रूह के हर नासूर पर एक ठुकी कील ज़ख्मों को हरा भरा रखती है और रूह क...
 
बहर : फ़ऊलुन फ़ऊलुन फ़ऊलुन बहरे मुतकारिब मुसद्दस सालिम ग़ज़ल पर ग़ज़ल क्या कहूँ मैं यही बेहतर चुप रहूँ मैं तेरे रूप की धूप गोरी तेरे गेसुओं से सहूँ मैं न तेजाब है ना अगन तू तुझे छूके फिर क्यूँ दहूँ मैं न चिंता ...
 
 
 अच्छा तो हम चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 

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चौपाल का दोहरा शतक: आगे जारी रखें या बंद कर दें? ब्लाग चौपाल राजकुमार ग्वालानी

>> Saturday, January 1, 2011

सभी को नमस्कार करता है आपका राज
 

आज हमारी इस चौपाल का दोहरा शतक पूरा हो गया है। लेकिन अब सोच रहे हैं कि इस चौपाल को आगे जारी रखा जाए या फिर बंद कर दिया जाए। हम देख रहे हैं कि ब्लाग जगत में कोई तो एक ऐसा इंसान  है जो लगातार बार-बार नाम बदलकर फर्जी नाम से हमें परेशान करने का काम कर रहा है। कारण साफ है जबसे हमने ब्लाग चौपाल का आगाज किया है, यह किसी एक को रास नहीं आ रही है। हमारे ब्लाग राजतंत्र में भी लगातार फर्जी नाम से टिप्पणियां करके परेशान करने का काम किया जा रहा है। एक तो हमारे पास ऐसे भी समय कम रहता है, उस समय में से समय निकाल कर सोचा था कि एक अच्छा काम किया जाए लेकिन लगता है कि अच्छा काम करने वालों की ब्लाग जगत को जरूरत नहीं है। अब आगे जरूर सोचना पड़ेगा कि क्या किया जाए।
मार्क्सवादी क्यों नहीं **?* उत्तर आधुनिकतावादी प्रवृत्तियों की उत्पत्ति की व्याख्या करने के लिए हमें 1950 और 1960 के दशकों में पूंजीवाद की सफलताओं ( उपभोक्ता पूंजीवाद या तथाकथित समृध्द समाज के अभ्युदय) ...
 
उच्च शिक्षा मंत्री लक्ष्मीकात शर्मा ने विभाग में शिक्षकों, क्रीड़ा अधिकारियों, ग्रंथपालों एवं कर्मचारियों को पदोन्नति और समयमान वेतनमान देने में विलम्ब को गंभीरता से लेते हुए अगले एक माह के भीतर पदोन्नति स...
 
जिन राज्यों ने मैनेजमेंट एस्पिरेंट्स को उनके ग्रेजुएशन के मार्क्स के आधार पर एडमीशन दिया है, एआईसीटीई ने उन्हें आड़े हाथों लेते हुए यह तय किया है कि बिना एंट्रेंस एग्जाम के मार्क्स के कोई भी स्टूडेंट पोस्ट...
 
 
विश्व भर में आर्थिक तंगी और भुखमरी के दोर से गुजर रहे चीन ने चाइना मेड उत्पाद विश्वभर में सस्ते दामों में उपलब्ध कराकर खुद अपने देश की आर्थिक स्थिति मजबूत कर ली हे और चप्पे चप्पे पर सस्ते दामों पर बेहतरीन ...
 
नमस्कार, आज वार्ता में विलंब हो गया। फ़टा फ़ट चलते हैं कुछ उम्दा लिंक्स पर। राहुल सिंग कह रहे हैं नया-पुराना साल बड़ा पक्षपाती है, यह काल का पहिया, जिसे चाहे अल्पावधि में उन्नति के शिखर पर ले जाकर बिठा दे और...
 
एक बार फिर से भारत में सब्जियों खासतौर पर प्याज, टमाटर और लहसुन की कीमतें आम आदमी की जेब में छेद करती दिख रही हैं. हालांकि केंद्र सरकार कोशिशों में लगी हुई है कि कीमतों को अर्श से वापस फर्श पर ना सही तो क...
 
रंग बिरंगे फूल चुने , चुन चुन कर माला बना , रोली चावल और नैवेध से , थाली खूब सजाई है , यह नहीं केवल आकर्षण , प्रवल भावना है मेरी , माला में गूथे गए फूल , कई बागों से चुन चुन , नाजुक हाथों से , सुई से धागे मे...
 
भारत की आजादी की लड़ाई में पत्रकारिता क्षेत्र का अहम योगदान रहा है.२०वीं शताब्दी की शुरुआत से ही जब स्वतंत्रता आन्दोलन जोर पकड़ने लगा था स्वतंत्रता प्राप्ति तक आन्दोलन का सक्रिय समर्थन करने के लिए पत्रकार...
 
पौष का महीना था, कड़ाके की ठंड पड़ रही थी। घर के लोग अलाव जला कर खुद को गर्म रख रहे थे। तभी साथ के कमरे से बालक के रोने की आवाज आई। आवाज सुनकर सारा घर खुशी से झूम उठा। तभी दाई ने खबर दी– “गुरुजी लड़का हुआ है...
 
सभी को नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं...जल्दी ही आप सभी को पढ़ भी पाऊँगा... जीने की कुछ उम्मीदें दो, और कहाँ कुछ माँगा था... थोड़ी सी अपनी साँसें दो, और कहाँ कुछ माँगा था... गंगा जमुना छुपी रहें पर, लब ये च...
 
आज जाना है की तड़प क्या होती हैं , किसी से बिछड़ने की कसक क्या होती हैं जितना करीब जाना था उसके वो उतना परे खिंच जाता हैं जब भी डूबना चाहा मैने उसमे, वो खुद सूखता जाता हैं कब समझेगा वो पागलपन मेरा , खुद ह...
 
आज वर्ष 2011 का पहला दिन, औरों का तो पता नहीं पर अपना दिन बहुत ही सुख के साथ गुजरा। कल रात से ही फोन और मोबाइल ने घनघनाना शुरू कर दिया था। लगातार आते बधाई और शुभकामना संदेश बता रहे थे कि लोग हमें याद भी...
 
स्कूल जाते वक्त हाथ थाम रखा था अपने बाबा का, इक छोटी सी बच्ची ने, कितना रोई थी वो स्कूल पहुँच कर, मत जाओ बाबा मुझे नहीं रहना यहाँ, क्या आप मेरे साथ नहीं रह सकते ? नहीं बेटा अभी मुझे जाना बहुत सारे...
 
कुछ जलते दिये हैं पास में, हर रात राह खोजता हूँ- पगडण्डियों के जाल में। चमकते वजूदों से है राजपथ रोशन, सहमता हूँ फटकते वहाँ, जहाँ पैरों के निशान न रहे। ...हाँ, मैं महत्वाकांक्षी नहीं, पर सपने खूब देखता हू...
 
किए फोन भेजे संदेश बसे हैं देश अथवा विदेश शुक्रिया धन्‍यवाद नहीं कहूंगा मन से दूंगा शुभ मंगलकामनायें सब सार्थक रचें सार्थक पढ़ें सार्थक बनें इ... 
 
हे प्रभु उन्हें सद्बुद्धि देना
हे प्रभु, नववर्ष, हिन्दू नहीं अंग्रेजी नववर्ष पर आपसे यह प्रार्थना है कि छत्तीसगढ के बारे में कुछ भी नहीं जानने वाले, विदेशों में रहने वाले अज्ञानियों को सद्बुद्धि देना। हो सके तो उन्हें क्षमा भी कर देना ...
 
सभी ब्लाँग जगत के साथियोँ को नये दशक के पहले वर्ष 2011 के लिये मेरी तरफ से ढेर सारी बधाईयाँ और शुभकामनाएँ ,दोस्तोँ मै उन लोगो से माँफी चाहूँगा जिन्होने मुझे मेल ,मैसेज किया और मैने उन्हे रिप्लाई नही किया ,..

द फ़र्स्ट डे प्रोमो ऑफ़ २०११ , पोस्ट झलकियां ….भईया जी ..इश्माईल
आप सबको वर्ष २०११ के शुभआगमन पर बहुत बहुत शुभकामनाएं WEDNESDAY, DECEMBER 29, 2010 'ईश्क का मंजन' गीत का भावार्थ प्रस्तुत मादक गीत हिन्दी सिनेमा जगत की आने वाली बहुचर्चित फिल्म 'यमला पगला ...
 
काँपता सा वर्ष नूतन आ रहा, पग डगमगाएँ साल जाता है पुराना सौंप कर घायल दुआएँ आरती है अधमरी सी रोज बम की चोट खाकर मंदिरों के गर्भगृह में छुप गए भगवान जाकर काम ने निज पाश डाला सब युवा बजरंगियों पर साहसों को जक...
 
किसी धर्मग्रंथ या शोध में लिखा तो नहीं, मगर सच है... प्यार जितनी बार किया जाए, चांद, तितली और प्रेमिकाओं का मुंह टेढ़ा कर देता है.. एक दर्शन हर बार बेवकूफी पर जाकर खत्म होता है... आप पाव भर हरी सब्ज़ी ...
 
समय दौड़ रहा है। आज सूरज ने भी अपनी रजाई फेंक दी है। किरणों ने वातायन पर दस्‍तक दी है। हमने भी खिड़की के पर्दे हटा दिए हैं। दरवाजे भी खोल दिए हैं। सुबह की धूप कक्ष में प्रवेश कर चुकी है। फोन की घण्‍टी चहकन...
 
बड़ा पक्षपाती है, यह काल का पहिया, जिसे चाहे अल्पावधि में उन्नति के शिखर पर ले जाकर बिठा दे और जिसे चाहे, पतन के गर्त में गिराकर नेस्तनाबूद कर दे, किन्तु इसकी निर्लिप्तता भी प्रशंसनीय है, इसके नीचे चाहे को...
 
 आप सोच रहे होंगे कि ये 'मुबारकबाद' के साथ 'मगर'? पर मैं भी क्या करूँ? जहाँ आपको मुबारकबाद देते हुए मुझे खुशी हो रही है वहीं यह सोचकर मेरे हृदय में पीड़ा भी हो रही है किः - हमने कैसे अपने स्वयं के साल को...
 
आज मै दस की हो ली अब ग्यारहवें वर्ष में प्रवेश किया है चाहती हूँ आप सभी इस आने वाले मेरे दशक में मेरे साथी बनें ये मेरे जीवन का एक बहुत ही उन्नत काल है यहीं से तो मुझे दिशा मिलेगी और इसी में मोहब्...
 
आज संकल्प लेना ही होगा की हम चुप नहीं रहेंगे चाहे इसके लिए हमें कोई सी भी क़ुरबानी देनी पड़े क्योकि हमारी ख़ामोशी से गलत प्रोत्साहित होता है और सही हतोत्साहित होता है . हमारी चुप्पी तोड़ने का मतलब हमारी और हम...
 
प्रिय बहणों और भाईयों, भतिजो और भतीजियों आप सबको शनिवार की घणी राम राम और साथ ही आज नये साल 2011 की हार्दिक शुभकामनाएं. साल 2011 की प्रथम और ताऊ पहेली के *अंक 107 *में आपका हार्दिक स्वागत है. अब फ़टाफ़ट...
 
टेस्ट क्रिकेट में भारत के सबसे सफल कप्तान बनने की तरफ बढ़ रहे महेंद्र सिंह धोनी को भले ही भाग्य का धनी कहा जाता हो, लेकिन जब टॉस की बात आती है तो अधिकतर मौकों पर सिक्का उनका पक्ष नहीं लेता है। भारत ने ...
 
२०११ मे , मै अपनी हर संभव कोशिश करुँगी की हिंदी ब्लॉग मे किसी भी प्रकार के अश्लील चित्र देखूं तो आपत्ति जाता दू और नारी ब्लॉग पर उस लिंक को देकर लोगो को भी आपत्ति जताने का एक सार्थक मौका दूँ । २०११ मे , मै...
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 
 अच्छा तो हम चलते हैं
कल फिर मिलेंगे
 
 
 
 
 
 
 
 

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